सीरवी समाज - मुख्य समाचार
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Posted By : 15 Sep 2023, 09:18:25गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##सोजत नगर से 12 किमी दूर सोजत रोड से 4 किमी दूर भैसाणा,रेंदडी,आलावास,सियाट, सोजत रोड़, धुंधला और संवराड़ के मध्य मात्र 550 घर की वह बस्ती जिसने सीरवी समाज के गौरव को बढ़ाया और पूरे राजस्थान में पहला IAS अधिकारी बनाने का श्रेय पाया उस गांव का नाम हैं- सिसरवादा।
सिसरवादा में सीरवी और राजपूत जाति का बाहुल्य है। इनके बाद में देवासी, मेघवाल, सरगरा, माली, घांची, जाट, कुम्हार, दर्जी, वैष्णव, ब्राह्मण आदि जाति के लोग रहते हैं जिनमें 125 घर सीरवी समाज के हैं।
सीरवी समाज में भी चोयल गौत्र का डंका है लगभग 100 घर चोयल गौत्र के हैं, बचे हुए में काग, बरफा, मुलेवा, देवड़ा और सोलंकी है। यहां पर श्री ..
Posted By : 15 Sep 2023, 09:16:26गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##सोजत नगर से 10 किमी, सोजत रोड से 6 किमी, मारवाड़ जंक्शन से 16 किमी की दूरी पर सिसरवादा, संवराड़, रिसाणिया, खारिया सोडा, मामावास, रेन्दडी के मध्य बसा हुआ गांव जहां श्री आई माताजी द्वारा परचा दिखाया और भैंसों के पत्थर बनाए वह गांव है- भैंसाणा।
श्री आई माताजी की आरती में भी गाया जाता है कि
भैंसाणा में कीना भाटा।
भैंसाणा में छत्तीस कौम के लगभग 450 घर है जिनमें सीरवी, देवासी, राजपूत, मेघवाल, कुम्हार, ब्राह्मण, सुथार,नाथ,दमामी और हरिजन यहां निवास करते हैं।
सीरवी समाज के लगभग 100 घर है जिनमें बरफा, परिहार,काग, सोलंकी, सानपुरा, पंवार और गहलोत गौत्र है।
यहां श्री आई माताजी मंदिर ..
Posted By : 14 Sep 2023, 12:04:25
####श्री आई पंथ की आराध्य देवी श्री आईमाता जी के 608 वें प्रकटोत्सव/अवतरण दिवस व \"भादवी बीज\" महापर्व की आप सभी को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।
जगत जननी माँ श्री आईजी का आर्शीवाद आप पर हमेशा बना रहें और आपकी हर मनोकामना पूर्ण करे
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सीरवी समाज की आराध्य देवी श्री आई माताजी के 608 वें अवतरण दिवस भादवा सुदी बीज को पूरे भारत वर्ष में दि.17 सितंबर 2023 वार रविवार को बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया जाएगा।
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सीरवी समाज़ के सभी महानुभावों, सज्जनों व माताओं और बहिनों से निवेदन है कि भादवा सुदी बीज के महापर्व पर आप सभी अपनी पारंपरिक वेशभूषा,पौशाक पहन कर अपने धार्मिक मंदिर में ..
Posted By : 14 Sep 2023, 12:00:48गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##सोजत नगर से 11 दूर किमी पंचायत मुख्यालय का गांव जो आसपास के क्षेत्र का बाजार है, जिसमें आसपास के कई गांव से लोग खरीदारी के लिए यहां आते हैं, और यह गांव रेलवे की देन है जिसे रेलवे लाइन निकलने पर स्टेशन के रूप में बसाया गया प्रारंभ में धूंधला के पास स्टेशन बना होने से धूंधला का स्टेशन कहलाता था पर वास्तव में इस गांव का नाम है- सोजत रोड।
सोजत रोड में आसपास के कई गांवों के सीरवी बंधुओं ने अच्छे बाजार के कारण व्यापार व्यवसाय के लिए इस नगर को चुना और धीरे-धीरे ये यहां के निवासी होते गए, सीरवी समाज सोजत रोड की विशेष कर आसपास के 32 गांवों के सीरवी बंधुओं के सामूहिक प्रयास से निर्मि..
Posted By : 14 Sep 2023, 11:57:57गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##सोजत रोड रेलवे स्टेशन के बिल्कुल सामने जो गांव आया हुआ है वह तहसील मारवाड़ जंक्शन का गांव है और तहसील मुख्यालय से 28 किलोमीटर दूर है, कोई समय सोजत रोड का जो स्टेशन कहलाता था वह गांव है- धुंधला।
धुंधला गांव लगभग 1200 घर की बस्ती है जिसमें सर्वाधिक जाटों का बाहुल्य है, जाटों के अलावा सीरवी, सुथार, कुम्हार, मेघवाल, सरगरा आदि कौम के साथ कालबेलिया बहुतायत में बसे हुए हैं।
सीरवी समाज के लगभग 52 घर है जिनमें से जस्साराम जी परिहार भीकाराम जी आगलेचा के घर जंवाई आये हुए हैं, और ये ही एक मात्र डोरा बंद है, श्री आई माताजी मंदिर बडेर की छटा देखते ही बनती है। सीरवी समाज के श्री आई माताजी के भा..
Posted By : 12 Sep 2023, 12:52:10गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##जिस गांव में शिवलिंग स्वयं भू प्रकट हो वह गांव सोजत रोड से मात्र 7 किमी और तहसील मुख्यालय मारवाड़ जंक्शन से 25 किमी की दूरी पर स्थित भैंसाणा, रिसाणिया, मांडा, राजोला, भींवली, मुसालिया, धुंधला, सोजत रोड़ और सिसरवादा के मध्य लगभग 1500 घर की बस्ती रुप में बसा है वह गांव है - संवराड़।
संवराड़ को शिवराज पुर के नाम से अति प्राचीन काल से जाना जाता है जहां स्वयं भू शिवलिंग और शिव मंदिर,बाबा रामदेव जी मंदिर,केशरिया कंवर जी मंदिर के साथ श्री आई माताजी का भव्य मंदिर बडेर बना हुआ है। संवराड़ में सर्वाधिक सीरवी जाति के लोग बसे हुए है, इनके अलावा यहां पर माली, देवासी,जाट, राजपूत, नायक, मेघवाल, ..
Posted By : 10 Sep 2023, 08:53:21गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##सीरवी समाज में पूरे भारतवर्ष में बड़े भामाशाह को देने वाला, जिन्होंने चेन्नई सीरवी समाज के \"भईसा\" भीष्म पितामह रुप में प्रसिद्धि पाई, खेती-बाड़ी वाली कौम सीरवी समाज से तमिल फिल्म इण्स्ट्री के पांच मुख्य निर्माताओं में शुमार निर्माता के रुप में फ़िल्मों का शतक लगाने की ओर अग्रसर निर्माता, फिल्म निर्देशन एवं नई पीढ़ी में हीरो रुप में जबरदस्त एक्शन से तमिल और तेलुगू जनता का प्यार पाने वाले, श्री आई माताजी रो दरबार लगाने वाले वेब सीरीज के निर्माता निर्देशक और सोजत को एक शांत, सरल प्रधान देने वाला छोटा सा गांव है पर नाम भारत में बहुत बड़ा है। और नाम बड़ा रहेगा,वह गांव है -रिस..
Posted By : 10 Sep 2023, 08:45:28गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##मारवाड़ जंक्शन तहसील मुख्यालय से 8 किलोमीटर दूर पंचायत मुख्यालय का गांव है -चिरपटिया।
चेलावास, गादाणा, राणावास, ठाकरवास,बड़ी,गोपावास,बाली,रावड़िया, हेमलियावास और कारोलिया के मध्य बसा हुआ ग्राम चिरपटिया लगभग 1000-1200 घर की बस्ती है, यहां पर सर्वाधिक मुस्लिम मोयला बसे हुए हैं इनके अलावा घांची, देवासी, चौकीदार, सीरवी, राजपूत, राजपुरोहित, कुम्हार, मेघवाल, गोस्वामी के साथ छत्तीस कौम के लोग निवास करते हैं।
चिरपटिया गांव में सीरवी समाज के 65 घर है जिनमें सर्वाधिक काग और शेष में गहलोत, सोलंकी, हाम्बड़, चोयल, देवड़ा,बरफा, सैणचा, पंवार और सेपटा गौत्र के सीरवी यहां बसे हुए हैं।
य..
Posted By : 08 Sep 2023, 07:23:08गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##आज से दस साल पहले तक मारवाड़ जंक्शन, भगवानपुरा, बिठौड़ा, नरसिंहपुरा को मीठा पानी पिलाने वाला, मारवाड़ जंक्शन और राणावास के मध्य लगभग 8-9 किमी की दूरी पर बसा हुआ है गांव - चेलावास।
गादाणा पंचायत का चेलावास गांव लगभग 600 घर की बस्ती है जिसके चारों ओर गादाणा, आंगदूष, भगवानपुरा, नरसिंहपुरा, कारोलिया और चिरपटिया गांव आये हुए हैं। यह गांव सीरवी बाहुल्य गांव है जिनमें अन्य क़ौम में मीणा, मेघवाल, राजपूत, रावणा राजपूत, देवासी, कुम्हार और जैन लगभग बाहर रहते हैं।
सीरवी समाज के 100 से ऊपर घर है जिनमें काग, परिहार, लचेटा, पंवार,चोयल एवं गहलोत निवास करते हैं।
सन् 2011 में वैशाख सुदी छठ को श..
Posted By : 08 Sep 2023, 07:19:55गोइंद सिंह पंवार रोबड़ी
##पाली जिले में भगवान नरसिंह अवतार के एकमात्र मंदिर वाली मारवाड़ जंक्शन तहसील की 300 घर की छोटी सी बस्ती जो अब पंचायत मुख्यालय है उस गांव का नाम है- नरसिंहपुरा।
नरसिंहपुर मारवाड़ जंक्शन से 4 किलोमीटर दूरी पर हेमलियावास खुर्द, करोलिया, चेलावास, भगवानपुरा ,बिठौड़ा कलां,सूर्य नगर खारची और मारवाड़ जंक्शन के मध्य बसा हुआ है। 36 कौम की 300 घर की बस्ती में सर्वाधिक सीरवी है, इनके अलावा देवासी, नायक, सुथार, मेघवाल, कुम्हार, वैष्णव, और ढोली यहां बसते हैं।
सीरवी समाज के कुल 120 घर है जिनमें भायल गौत्र का एकाधिकार है, यहां 120घरों में से लगभग 100 से अधिक घर भायल गौत्र के हैं। इनके अलावा काग, ..
Posted By : 05 Sep 2023, 11:05:26गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##चार गौत्र के सीरवी, जामेअट्ठारह घर।
नौकरी राजनीति जो कभी करते नहीं।
सूरत पुणे हैदराबाद में है जिनका व्यापार।
आईजी रो मिंदर बणियो भल सोवणो।
जठै है अब लापसी खावण री आश।
मारवाड़ में है धिन धिन कारोलियो गांव ।
मारवाड़ जंक्शन तहसील मुख्यालय से मात्र 06 किमी दूर अब नरसिंहपुरा पंचायत की 100 घर की छोटी सी बस्ती है गांव -कारोलिया।
जहां सीरवी समाज के अलावा राजपूत देवासी वैष्णव राजपुरोहित, कुम्हार, मेघवाल और नायक जाति के लोग बसे हुए हैं
सीरवी समाज के केवल 18 परिवार है जिनमें सर्वाधिक सोलंकी है बाकी में काग,भायल और सानपुरा गौत्र है।
फिलहाल पुराना बडेर जमादारी श्री ला..
Posted By : 05 Sep 2023, 05:54:39गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##थाली में रखकर रुपए लेकर आना
और
थाली में रखकर बेलें ले जाना।
मारवाड़ जंक्शन से 7 किलोमीटर दूर ग्राम पंचायत बिठौड़ा कलां का वह छोटा सा ग्राम जो नरसिंहपुरा, कारोलिया, चेलावास, आंगदूष और आउवा के मध्य बसा हुआ है ग्राम- भगवानपुरा।
छत्तीस कौम के 300 घर की बस्ती ग्राम भगवानपुरा सीरवी बाहुल्य गांव है, जिनमें सीरवी समाज के अलावा राजपूत, देवासी, जाट, मीणा, मेघवाल, राव, वैष्णव, घांची, सरगरा और ढाढ़ी है।
सीरवी समाज में देवड़ा गोत्र का बहुमत है एवं आधे से अधिक लगभग 150 घर देवड़ा गोत्र के हैं। अन्य गौत्र में काग, लचेटा, चोयल, परिहार,बरफा और आगलेचा निवास कर रहे हैं।
यह गांव ..
Posted By : 04 Sep 2023, 08:51:51गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##मारवाड़ जंक्शन से लगभग 11 किलोमीटर दूर नयागांव और साठियों की ढाणी को मिलाकर बनी पंचायत, जहां पर 25 वर्ष तक पांच बार सरपंच पद को सीरवी समाज के बन्धुओं एवं बहिनों ने सुशोभित किया वह पंचायत मुख्यालय गांव है - काराड़ी।
लगभग 500 घर की बस्ती काराड़ी में सर्वाधिक सीरवी है, इनके अलावा देवासी, जैन, राजपूत, राजपुरोहित, दर्जी, नाई, सुथार, मेघवाल, सरगरा, नायक, आदि 36 कौम के लोग यहां बसते हैं।
सीरवी समाज की लगभग 300 घरों की आबादी में आधे में आगलेचा है बाकी गौत्र में मुलेवा, गहलोत, सोलंकी, लचेटा, काग, भायल, बरफा, चोयल, देवड़ा, हाम्बड़ और पंवार गौत्र के लोग निवास करते हैं, यहां पर श्री आई माताजी ..
Posted By : 04 Sep 2023, 08:35:07गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##मारवाड़ जंक्शन से 6 किमी की दूरी पर एवं 4 किमी दूर भगवान पुरा के साथ पंचायत मुख्यालय गांव बिठौड़ा कलां लगभग 1000 घर की बस्ती है जिसके चारों ओर आउवा, काराड़ी,बाड़सा, सूर्य नगर और खारची आये हुए हैं।
जिसमें सीरवी समाज के अलावा कई जातियां निवास करती है जिनमें सर्वाधिक बावरी, फिर जैन, ब्राह्मण, राजपूत, रावणा राजपूत, मेघवाल के अलावा जो जातियां कई गांवों में नहीं है वे इस गांव में हैं जिनमें गूंद वाले, गवारिया, खटीक, ढाढ़ी, मोयला आदि के साथ मात्र राजपुरोहित और स्वामी नहीं है बाक़ी छत्तीस कौम की सभी जातियां यहां पर निवास करती हैं।
इस गांव में सीरवी समाज के 183 परिवार है जिनमें सि..
Posted By : 01 Sep 2023, 11:27:24गोविन्द सिंह पंवार रोबड़ी
##झलै आउवो।
आउवो धरती रो थंबो रे। झलै आउवो।
सन १८५७ की क्रांति में पूरे भारतवर्ष में आउवा के ठाकुर खुशाल सिंह जी द्वारा अंग्रेज़ अधिकारी सांडर्स के सिर को धड़ से अलग कर अपने किले की पोल पर लटकाने की घटना को याद कर आज भी मारवाड़ के हर नागरिक का सिर गर्व से ऊंचा हो जाता है एवं आज भी फागुन मास में गाये जाने वाले गीत में पहला गीत - \"आउवा ने आसोप धणियों मोतीयों री माला हो।\" गाया जाता है धन्य धन्य है गांव- आउवा।
मारवाड़ जंक्शन से मात्र 12 किमी दूर एतिहासिक गांव आउवा पंचायत मुख्यालय ग्राम है जिसमें लगभग 2000 घर की बस्ती में सीरवी समाज के अलावा राजपूत, राजपुरोहित, रावणा राजपूत, देवा..