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दुर्गाराम सीरवी पंवार सुपुत्र श्री पुन्नाराम जी सीरवी बने चेत-बन्दे पत्रिका के सह-सम्पादक
Posted By : Manohar Seervi 12 Sep 2020, 00:52:46

किसी कवि ने क्या खूब लिखा है कि --
\\\\\\\'\\\\\\\'बिना काम के मुकाम कैसा?
बिना मेहनत के, दाम कैसा ?
जब तक ना हासिल हो मंजिल,
तो राह में, रही आराम कैसा ?

यह हर उस व्यक्ति के लिए सफलता का बड़ा मूलमंत्र है जो पुरुषार्थ को साथ लेकर दॄढ इरादों से मंजिल की धुन में आगे बढ़ते रहते है। ऐसे व्यक्ति ही जीवन में सफलता को अर्जित करते है और वे अपने सपने को साकार कर जाते है।

सरल सौम्य स्वभाव, स्पष्ट वक्ता, व्यवहार कुशल, न्यायप्रिय, धार्मिक प्रवृति तथा सबको साथ लेकर चलने की अदभुत क्षमता वाले जुझारू एवं कर्मठ समाजसेवी श्री दुर्गाराम पंवार का जन्म 27 जनवरी ,1978 को राजस्थान में पाली जिले की जैतारण तहसील के अन्तर्गत आने वाले रेल बेरा आगेवा गाँव के साधारण किसान परिवार में हुआ। पिता श्री पुन्नाराम सीरवी के लाड़-प्यार एवं माताश्री हबली देवीजी के स्नेहमयी आँचल में संस्कारो की लोरी सुनकर पले-बढ़े श्री दुर्गाराम सीरवी तीन भाई-बहिनों में दूसरे स्थान पर हैं। आपके एक बड़े भाई श्री किशन लाल सीरवी वर्तमान तमिलनाडु के इरोड जिले में व्यवसायी कर रहे हैं तथा एक बहिन लीला देवी (चेन्नई ) में अपना पारिवारिक दायित्व निभा रही हैं। आपका शुभ विवाह 1989 में बेर मायला रामपुरा के निवासी श्री चुन्नीलाल जी सेपटा की पुत्री श्रीमती सीता देवी के संग हुआ। सफल दाम्पत्य जीवन में आप एक पुत्र हेमंत पंवार व् एक पुत्री सुष्मिता के पिताश्री बने। बड़ा बेटा 11th में शिक्षा ग्रहण कर रहा है। आपकी पुत्री 9th में शिक्षा ग्रहण कर रही । सुष्मिता खो-खो राज्य स्तरीय खेल में अपना शानदार दमखम दिखाते हुए कोयम्बटूर की चेम्पियन टीम बनकर प्रथम स्थान पर रही तथा तमिलनाडु लेवल पर 2019 में कुश्ती ( रेसलिंग) में कांस्य पदक से समानित हुई।आपकी प्रारम्भिक शिक्षा राजकीय प्राथमिक विद्यालय आगेवा में हुई, जहाँ से आपने दसवीं तक की पढ़ाई पूरी की। तथा ग्यारवी व् बाहरवीं तक जैतारण से की। बचपन से ही आप में शिक्षा के साथ ही साथ खेलों के प्रति गहरी रूचि रही। जब आपको अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन करने का अवसर मिला तो आपने उत्कृष्ट प्रदर्शन कर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। प्रारम्भिक शिक्षा के दौरान ही खेलों के प्रति आपका विशेष लगाव रहा है। सन 1993 से 1995 तक तीन साल राष्ट्रीय स्तर खो-खो खेलकूद का राष्ट्रीय स्तर का खिलाड़ी रहे एक साल राजस्थान टीम खो-खो का कप्तान भी रहे ।व क्रिकेटर के रूप में अपनी अलग से छाप छोड़ी । आपको 1996 में जैतारण परगना समिती द्वारा खेल पुरुस्कार द्वारा व सामाजिक सेवाओं के लिए सम्मानित किया गया। श्री पंवार ने अन्य खेलों व एथलीट का भी खिलाड़ी रह चुके साथ ही राजस्थान राज्य स्तरीय खेलकूद 6 साल 7 साल जिला स्तर तक खेले जिसमे गांव आगेवा का नाम हमेशा आगे रखा। व् तमिलनाडु कोयम्बटूर KMCH 2007 जनवरी मैराथन 42 किलोमीटर सिर्फ 1 घण्टे 44 मिनिट में पूरी कर आप श्री तीसरा स्थान प्राप्त किया और तमिलनाडु KMCH मैराथन द्वारा 15000 रुपये की राशि व सर्टिफिकेट से उस समय रहे कोयम्बटूर के कमिश्नर करणसिंह जी के हाथों से नवाजा गया । इसके साथ ही धार्मिक एवं सामाजिक गतिविधियों में भी शुरू से ही आपकी विशेष रूचि रही। समाजसेवा का जज्बा समय के साथ आगे बढ़ता रहा। आप सीरवी समाज सम्पूर्ण भारत फेसबुक पेज पर 2017 में जुड़ कर सामाजिक प्रतियोगिता के दौरान श्रीमान दुर्गा राम जी ने खेलकूद के संबंधित लाइव के माध्यम से लाखों लोग तक पहुंचाने का कार्य किया। सन् 2019 में सीरवी समाज सम्पूर्ण भारत डॉट कॉम वेबसाइट का लोकार्पण होने के बाद आपको वेबसाइट पर सह संस्थापक का पद भार रहते हुए आपने 1 वर्ष अपनी इमानदारी से कार्य क्या सन 2020 में आपने इस्तिपा दे दिया . तथा वर्तमान राष्ट्रीय सीरवी किसान सेवा समिति अध्यक्ष पद पर /ज्ञान कोष समिति वरिष्ठ सहलाकार/ पूर्व श्री आईजी क्षेत्रीय विकास सेवा समिति राष्ट्रीय सहलाकार/ कोयम्बटूर :- पूर्व राजस्थानी संघ खेलकूद कोच/ वर्तमान कोयम्बटूर AIADMK पार्टी कार्यकर्ता रूप में हर क्षेत्र में अहम भूमिका रही / 2017 दिसम्बर 3 को तमिलनाडु मुख्यमंत्री द्वारा 18 साल क्रिकेट खेल में सबसे ज़्यादा विकेट टेकर के रूप में बेस्ट बॉलर आवार्ड से नवाजा गया / ओर आप श्री पंवार भी अन्य सामाजिक स्तर पर सेवाएं दे रहे है। 2020 में आपको सीरवी समाज की पत्रिका चेत बंदे पत्रिका के सह संपादक पद का गुरुतर दायित्व सौपा गया, जिसका पूर्ण उतरदायित्व आप श्री निभा रहे । आप श्री दक्षिण भारत राष्ट्रमत अखबार व् राजस्थान पत्रिका चेन्नई में भी अपनी महकती भूमिका निभा रहे हैं।

केशरदात्री अखण्ड ज्योति स्वरूप माँ श्री आईजी एवं माँ श्री सरस्वतीजी की अपाऑर कृपा दृष्टि श्री पंवार
और इनके परिवार पर सदा बनी रहे तथा आपके हृदय में उच्च विचार और समाज सेवा की ज्योति सदैव प्रज्ज्वलित रहे।

प्रेषक - मनोहर सीरवी (राठौड़) संपादक , सीरवी समाज डॉट कॉम